नई दिल्ली, जनवरी 15: ऐतिहासिक होलकर स्‍टेडियम में खेले गये फाइनल मैच के अंतिम दिन 41 बार के चैम्पियन मुंबई को पांच विकेट से मात देकर गुजरात ने पहली बार रणजी ट्रॉफी क्रिकेट का खिताब जीत लिया है। पार्थिव पटेल की 143 और मनप्रीत जुनेजा के 54 रनों की मदद से गुजरात ने अपने रणजी के सफर में एक विशिष्‍ठ मुकाम हासिल किया। साथ ही गुजरात ने रणजी फाइनल में सबसे बड़े लक्ष्य का सफलतापूर्वक पीछा करने का रिकॉर्ड भी बना दिया।मैच के अंतिम दिन 265 रनों के लक्ष्‍य को भेदने के लिए शुरूआत में स्थितियां बेहतर नहीं थीं। पार्थिव और जुनेजा के बीच निर्णायक साझेदारी शुरू हुई। जुनेजा ने आक्रामक रूख अख्‍तियार किया जबकि भाग्‍य ने पार्थिव का साथ दिया। इस जोड़ी ने चौथे विकेट के लिए 116 रनों की पारी खेली जो जीत में बदल गई। गुजरात के कप्तान पार्थिव पटेल ने 195 गेंदों में 24 चौकों की मदद से 143 रन की शानदार पारी खेली। उन्हें शारदुल ठाकुर ने आउट किया।

रणजी इतिहास में पार्थिव का मुंबई के खिलाफ यह पांचवां शतक रहा। उन्हें मैन ऑफ द मैच भी दिया गया। रुजुल भट्ट (26) और चिराग गांधी (11) नाबाद लौटे। मुंबई की ओर से बलविंदर संधु ने सबसे अधिक दो विकेट लिए। 89 रन पर तीन विकेट गिर जाने के बाद लग रहा था कि गुजरात की टीम लय खो देगी और मैच हाथ से निकल जाएगा, लेकिन कप्तान पार्थिव पटेल और मनप्रीत जुनेजा ने चौथे विकेट के लिए शतकीय साझेदारी करते हुए मैच को गुजरात के पाले में मोड़ दिया।Embeded Objectमनप्रीत ने 54 रन बनाए। इसके बाद पार्थिव का साथ रिजुल भट्ट ने दिया। दोनों ने मिलकर 94 रन जोड़े। इस बीच पार्थिव पटेल ने अपना शतक भी पूरा किया। गुजरात ने 5 विकेट पर 313 रन बनाए और फाइनल जीत लिया। गुजरात ने पांचवें और अंतिम दिन बिना विकेट खोए 47 रन से आगे खेलना शुरू किया, लेकिन पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन करने वाले ओपनर प्रियंक पांचाल चौथे दिन के अपने निजी स्कोर 34 रन में कोई इजाफा किए बिना पैवेलियन लौट गए। उन्होंने समित गोहेल के साथ पहले विकेट के लिए 47 रन जोड़े। 51 रन पर दूसरा विकेट भी गिर गया, जब भार्गव मेराई दो रन पर बलविंदर संधु की गेंद पर बोल्ड हो गए।Embeded Objectमैच के चौथे दिन मुंबई की दूसरी पारी 411 रन पर समाप्ति हो गई थी, लेकिन गुजरात ने उसे पहली पारी में 100 रन से पीछे छोड़ दिया था, जिससे पहली पारी की बढ़त को कम करने के बाद गुजरात को जीत के लिए 312 रन का लक्ष्य मिला। मुंबई की ओर से दूसरी पारी में नवोदित पृथ्‍वी शा ने 44, सूर्यकुमार यादव ने 49, श्रेयस अय्यर ने 82, जबकि कप्तान आदित्य तारे के 69 और अभिषेक नायर के 91 रन उल्लेखनीय रहे। नायर ने आखिरी विकेट के लिए पुछल्ले बल्लेबाज विजय गोहिल के साथ 41 रन की साझेदारी की।

तीसरे दिन की समाप्ति पर मुंबई का स्कोर तीन विकेट पर 208 रन था। स्को‍र अभी 238 रन तक ही पहुंचा था कि रश कलारिया टीम के लिए महत्वपपूर्ण कामयाबी लेकर आए। उन्होंने सूर्यकुमार (49) को विकेटकीपर पार्थिव पटेल से कैच कराया। नए बैट्समैन सिद्धार्थ भी ज्यादा देर नहीं टिक सके और आरपी सिंह के शिकार बन गए। इसके बाद तारे ने अपना अर्धशतक पूरा किया। आदित्य 69 रन बनाने के बाद हार्दिक पटेल के शिकार बन गए। मुंबई टीम के अगले दो विकेट बलविंदर संधु (20) और शारदुल ठाकुर (1) के रूप में गिरे।Embeded Objectमुंबई का नौवां विकेट विशाल दाभोलकर के रूप में गिरा जिन्हें 12 रन के स्कोर पर चिंतन गजा ने आउट किया। अपने करियर की बेहतरीन पारियों में से एक खेलने के बाद अभिषेक नायर (91) आखिरी विकेट के रूप में आउट हुए। नायर को तेज गेंदबाज आरपी सिंह ने एलबीडब्ल्यू आउट किया। मध्यम तेज गेंदबाज चिंतन गजा ने सर्वाधिक छह विकेट लिए जबकि बाएं हाथ के तेज गेंदबाज आरपी सिंह ने दो विकेट हासिल किए।