नई दिल्ली, जनवरी 6: राष्‍ट्रीय जांच एजेन्‍सी ने दिल्‍ली और जम्‍मू कश्‍मीर में आतंकवादी हमले की योजना बनाने वाले लश्‍करे तैयबा के बहादुर अली पर शुक्रवार को आरोपपत्र दाखिल किए। अली को पिछले वर्ष 25 जुलाई को जम्‍मू कश्‍मीर में गिरफ्तार किया गया था। अली पर आतंकवादी बुरहान वानी की मौत के बाद घाटी में तनाव पैदा करने और पथराव में शामिल होने का भी आरोप है।एनआईए ने शुक्रवार को विशेष अदालत में उसके खिलाफ आरोप पत्र दाखिल कर कहा कि अली को कश्मीर में बुरहान वानी की मौत के बाद अशांति फैलाने के लिए भेजा गया था। अली के खिलाफ आईपीसी की विभिन्न धाराओं में मामले दर्ज हैं। इनमे विस्फोटक अधिनियम, शस्त्र अधिनियम, विदेशी अधिनियम, भारतीय वायरलेस टेलीग्राफी अधिनियम समेत गैरकानूनी गतिविधि अधिनियम के मामले शामिल हैं।

एनआईए की गिरफ्त में आया आतंकवादी बहादुर अली उर्फ सैफुल्ला मंसूर पाकिस्तान के लाहौर में गांव जिया बग्गा का रहने वाला है। अली पाकिस्तान के संरक्षण में चलने वाले आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा की एक बड़ी साजिश का हिस्सा है। गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में बहादुर अली ने कबूल किया था कि वो जमात-उद-दावा के लिए काम करता था। अली जमात के लिए फंड जुटाने का काम करता था।

बहादुर अली उर्फ सैफुल्ला भी आतंकी संगठन लश्कर की ऐसी ही साजिश का एक हिस्सा है, जिसने अपने दो साथियों अबू साद और अबू दर्डा के साथ पाकिस्तान में प्रशिक्षण लेने के बाद अवैध रूप से नियंत्रण रेखा पार करके भारतीय क्षेत्र यानी जम्मू-कश्मीर में घुसपैठ की थी। आरोप है कि 12 और 13 जून 2016 की रात को यह तीनों आतंकी हथियार और गोला बारूद, नेविगेशन उपकरण, लड़ाकू सामग्री और अन्य सामान के साथ भारतीय क्षेत्र में घुसपैठ की थी।