चेन्नई, जनवरी 6: तमिलनाडु में एक महीने के अन्दर हुई 106 किसानों की मौत को लेकर राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के तमिलनाडु सरकार के मुख्यसचिव को नोटिस जारी किया है और सरकार से इसका जवाब माँगा है।राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने किसानों की हुई मौत पर चिंता भी जताई है और कहा की राज्य सरकार अपनी रिपोर्ट छह सप्ताह के अन्दर दे और यह भी बताये कि किसानों की हुई मौतों के मामले में राज्य सरकार ने क्या -क्या कार्रवाई की है, इससे भी अवगत कराये।

तमिलनाडु सरकार को भेजे गए पत्र में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने पत्र में कहा है कि यह गंभीर मामला है और राज्य सरकार को ग्रामीण क्षेत्रों में जाकर छोटे किसानों के हालत की खबर लेनी चाहिए। साथ ही यह भी जानना चाहिए कि उन ग्रामीण क्षेत्रों में सरकार की योजनाएं ठीक से चल रही हैं या नहीं। साथ ही किसानों को कृषि कार्यों में कौन सी परेशानी हो रही है इसके बारे में भी तहकीकात होनी चाहिए। किसानों की कहीं फसल तो कम नहीं हुई या फिर उत्पादित फसल की कीमत नहीं मिली जिससे वे आत्महत्या करने को विवश हुए।

आयोग ने यह भी कहा है कि सिर्फ किसान के मरने की बात नहीं बल्कि किसान के मौतों के बाद उनके परिवारों पर विपत्ति आ जाती है जिसका भी ख्याल सरकार को करना चाहिए। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने अपने पत्र में कई स्थानीय अख़बारों का हवाला देते हुए मरने वाले किसानों का ब्यौरा भी राज्य सरकार के मुख्य सचिव को भेजा है ताकि उन सभी मौतों के बारे में राज्य सरकार इमानदारी से जाँच-पड़ताल कर सके।